9 सीटों का सवाल है इसलिए सुलग रहा बंगाल है

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यूँ तो लोकसभा चुनाव के आखिरी चरण में 8 राज्यों की 59 सीटों पर मतदान होना है लेकिन पश्चिम बंगाल में चुनाव ने युद्ध का रूप ले लिया है. पश्चिम बंगाल में 9 सीटों की लड़ाई को भाजपा और टीएमसी ने साख का सवाल बना लिया है और साख की इस लड़ाई में बंगाल जल रहा है.

मंगलवार को कोलकाता में अमित शाह के रोड शो में जम कर बवाल हुआ. हालात इतने ख़राब हो गए कि करीब 7 किलोमीटर लम्बे उनके रोड शो को साढ़े तीन किलोमीटर बाद ही ख़त्म करना पड़ा और CRPF के जवान अमित शाह को सुरक्षित निकाल कर ले गए.

कोलकाता में मंगलवार को क्या हुआ ?

अमित शाह का रोड शो मोदी मोदी और जय श्री राम के नारों के साथ आगे बढ़ रहा था. सड़कों पर सिर्फ भगवा जनसैलाब दिख रहा था. अमित शाह का काफिला शाम 6 बजकर 20 मिनट पर कॉलेज स्ट्रीट पर कलकत्ता यूनिवर्सिटी के बाहर से गुजरा तो तृणमूल छात्र परिषद् के कार्यकर्ताओं ने अमित शाह को काले झंडे दिखाए . अमित शाह को काले झंडे दिखाई ना पड़े इसलिए भाजपा कार्यकर्ताओं ने अमित शाह के सामने भाजपा के झंडों और पोस्टरों से दीवार खाड़ी कर दी. पुलिस ने मामले को संभाला .

फिर काफिला आगे बढ़ कर विद्यासागर कॉलेज गेट पर पहुंचा. कॉलेज के हॉस्टल से अमित शाह के काफिले पर पथराव किया गया. जिसके बाद भाजपा कार्यकर्ता उग्र हो गए. कार्यकर्ताओं ने उस बिल्डिंग का घेराव कर दिया और जवाबी हमला भी कर दिया. थोड़ी देर में दोनों पक्षों की तरफ से पत्थरबाजी शुरू हो गई और आगजनी हुई। विद्यासागर कॉलेज कॉलेज में लगी ईश्वरचंद्र विद्यासागर की प्रतिमा तोड़ डाली गई. टीएमसी ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने प्रतिमा तोड़ी है जबकि भाजपा का कहना है कि कॉलेज का गेट बंद था. अन्दर से ही टीएमसी के कार्यकर्ताओं ने प्रतिमा को तोड़ डाला. हंगामे के बाद देर शाम को ही कोलकाता में अमित शाह के खिलाफ FIR दर्ज हो गई जबकि कुछ भाजपा नेताओं की गिरफ्तारी भी हुई .

बंगाल के बवाल से राजधानी दिल्ली में भी उबाला आ गया. बुधवार को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने दिल्ली में प्रेस कांफ्रेंस किया टीएमसी के साथ साथ बंगाल पुलिस और चुनाव आयोग पर भी सवाल उठाये. उन्होंने तस्वीरें और वीडियो जारी कर ममता पर आरोप लगाए. शाह ने कहा कि BJP तो पूरे देश में चुनाव लड़ रही है, लेकिन हिंसा सिर्फ बंगाल में हो रही है. अमित शाह ने कहा कि इतनी हिंसा के बावजूद चुनाव आयोग की चुप्पी उसकी निष्पक्षता पर सवाल खड़े कर रही है. बंगाल में हुई हिंसा के विरोध में दिल्ली में जंतर मंतर पर भाजपा ने ममता बनर्जी के खिलाफ प्रदर्शन किया.

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कोलकाता में आज रैली होनी थी जिसे रद्द कर दिया गया. भाजपा ने आरोप लगाया कि योगी की रैली के लिए बनाया गया मंच पुलिस ने तोड़ दिया है और मजदूरों को पीटा भी गया . जब रैली रद्द होनेकी खबर आई तो अमित शाह ने दो टूक में कह दिया कि कोई भी सभा रद्द नहीं होगी. अमित शाह ने ऐलान किया किया कि कोलकाता में योगी प्रेस कांफ्रेंस भी करेंगे . कोलकाता से पहले यूपी सीएम ने बारासात में रैली की और ममता सरकार पर जमकर बरसे. उन्होंने कहा कि अमित शाह के रोड शो पर हमला टीएमसी की ताबूत में आखिरी कील साबित होगी.

योगी आदित्यनाथ ने ट्वीट कर आर पार की लड़ाई का ऐलान किया. उन्होंने ट्वीट किया “बंगाल! सबसे पहले जय श्रीराम से आप सबका अभिवादन! … आज आपके बीच रहूंगा .तानाशाहों तक यह संदेश पहुंचे कि राम इस देश के कण-कण में हैं, स्वतंत्रता इस देश की जीवनी-शक्ति है और मैं बंगाल के क्रांतिधर्मी युयुत्सु का आह्वान कर रहा हूँ।
याचना नहीं, अब रण होगा,
जीवन जय या कि मरण होगा!
जय हो!”

आखिरी चरण में कोलकाता में मतदान है. डायमंड हार्बर से ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी चुनाव लड़ रहे हैं. अपनी साख बचाने के लिए ममता बनर्जी ने भी भाजपा पर अपने तेवर सख्त कर लिए. दीदी ने चेतावनी देते हुए कहा – “तुम लोगों का नसीब अच्छा है कि मैं यहां शांत बैठी हूं. वरना तो मैं एक सेकेंड में दिल्ली में बीजेपी दफ्तर और तुम्हारे घरों पर कब्जा कर सकती हूं.”

अब तक बंगाल में हो रही हिंसा और भाजपा नेताओं को प्रचार से रोकने पर चुप बैठी कांग्रेस ने ईश्वरचंद्र विद्यासागर की प्रतिमा तोड़ने के लिये भाजपा को जिम्मेदार ठहराया. बंगाल में सभी 6 चरणों के दौरान हिंसा हुई और भाजपा नेताओं को प्रचार से रोका गया लेकिन कांग्रेस ने चुप्पी साध रखी थी . कांग्रेस की चुप्पी का कारण भी है. बंगाल में कांग्रेस किसी लड़ाई में नहीं है .लेकिन सत्ता में आने के लिय उसे ममता की जरूरत पड़ेगी . इसी कारण कांग्रेस ममता पर हमले करने से बच रही है . दोनों पार्टियों के तेवरों से जाहिर है कि कोई भी हार मानने को तैयार नहीं . इंच इंच की लड़ाई में कौन किस पर भारी पड़ेगा ये तो 23 मई को ही पता चलेगा लेकिन तब जलना शायद बंगाल की नियति है.