आखिर वित्त मंत्री ने 159 साल पुरानीं परम्परा क्यों तोड़ दी?

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मोदी सरकार के दुसरे कार्यकाल का पहला बजट सदन में पेश किया जा चूका है. देश के सामने बजट पेश करने से पहले निर्मला सीतारमण ने एक शेर भी पढ़ा. ‘यक़ीन हो तो कोई रास्ता निकलता है, हवा की ओट भी ले कर चराग़ जलता है’. ये शेर मशहूर शायर मंजूर हाशमी का है. लेकिन यहाँ आपको यह भी जानना चाहिए कि निर्मला सीतारमण पहली फुल टाइम वित्त मंत्री है. और इन्होने अपने पहले ही बजट में सालों से चली आ रही परम्परा को तोड़ दिया और साथ ही साथ उन्होंने एक बदलाव और किया है.


दरअसल आपने जब भी किसी वित्त मंत्री को बजट पेश करने से पहले देखा होगा तो उनके हाथ में ब्रीफकेस होता है जिसमें बजट से जुड़े कागजात होते है और उसे लेकर वित्त मंत्री सदन में पहुँचते हैं और फिर बजट पेश करते हैं लेकिन जब सुबह अपने ऑफिस से वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण निकल रही थी तो उनके हाथ में कोई ब्रीफकेस नही था बल्कि उनके हाथ में एक लाल रंग के आकर्षक कपड़े में सारे कागजात रखे हुए थे.
कहा जा रहा है कि यह पाश्चात्य संस्कृति से बाहर आकर देश की पुरानी परंपराओं से जुड़ने की शुरुआत है. बैग का लाल रंग भारतीय परंपराओं के हिसाब से शगुन का प्रतीक है.
वैसे एक बदलाव और हुआ है कि यूनियन बजट का नाम इस बार बदल गया है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अपने बजट के भाषण में इसे “देश का बहीखाता” कहेंगी.


जो सूटकेश या ब्रिफकेस में बजट के कागजात इससे पहले जाते थे उस रेड सूटकेश से 159 साल पुराना है रिश्‍ता!
भारत के बजट और वित्‍त मंत्री के रेड सूटकेस के बीच का रिश्‍ता बेहद दिलचस्‍प है. यह रिश्‍ता वर्ष 1860 से बना हुआ है. मतलब यह रिश्ता 159 साल पुराना है और तब से अब तक चला आ रहा है. 26 नवंबर 1947 को स्‍वतंत्र भारत के पहले वित्‍त मंत्री शणमुखम शेट्टी द्वारा पेश बजट को भी इसी सूटकेस में लाया गया था.
आइये हम अब आपको कुछ दिलचस्प तथ्य बताते हैं.
दरअसल बजट फ्रांसीसी शब्‍द ‘बॉगेटी’ से निकला हुआ है, जिसका मतलब लेदर बैग होता है. 1860 में ब्रिटेन के ‘चांसलर ऑफ दी एक्‍सचेकर चीफ’ विलियम एवर्ट ग्‍लैडस्‍टन फाइनेंशियल पेपर्स के बंडल को लेदर बैग में लेकर आए थे. तभी से यह परंपरा निकल पड़ी. ब्रिटेन में रेड ग्‍लैडस्‍टन बजट बॉक्‍स 2010 तक प्रचलन में था. 2010 में इसे म्‍यूजियम में रख दिया गया और उसकी जगह एक फ्रेश रेड लेदर बजट बॉक्‍स का यूज शुरू किया गया. हालाँकि भारत के बजट बॉक्‍स या सूटकेस पर अभी भी ब्रिटेन का औपनिवेशिक असर है लेकिन समय समय अलग अलग वित्त मंत्रियों के कार्यकाल में इस ब्रिफ्केश का रंग बदलता रहा है क्योंकि नए सूटकेश का प्रयोग किया जाता रहा है. यूपीए सरकार के वित्‍त मंत्री के रूप में उन्‍होंने पूरी तरह ग्‍लैडस्‍टन जैसे रेड बजट बॉक्‍स का उपयोग किया था.


हालाँकि देश की पहली फुल टाइम महिला वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सदन में बजट पेश कर दिया है. अगली वीडियो में आपको बजट के बारे में बताएँगे कि इस बजट से देश को क्या मिलने जा रहा है.